himachal-news

इनकम टैक्स भर्ती में एमएनएस का हंगामा

posted Feb 17, 2013, 2:31 AM by Site Designer

मुंबई ।। राज ठाकरे की पार्टी एमएनएस के कार्यकर्ताओं ने शनिवार को मुलुंड में चल रही इनकम टैक्स भर्ती परीक्षा हंगामा करके रोक दी। हंगामा करने वालों का आरोप था कि स्टेनो पद के लिए परीक्षा देने वाले सभी कैंडिडेट 'परप्रांतीय' हैं।

मुलुंड के महानगरपालिका कार्यालय में शनिवार को इनकम टैक्स में स्टेनो पद की भर्ती की परीक्षा रखी गई थी। इन परीक्षाओं में जानबूझकर मराठी युवकों को वंचित रखा जा रहा है, यह दावा करते हुए एमएनएस कार्यकर्ताओं ने भीतर घुसकर हंगामा कर दिया।

एमएनएस सूत्रों के अनुसार, स्थानीय विभागाध्यक्ष सत्यवान दलवी को खबर लगी कि भर्ती में भाग लेने वालों में एक भी मराठी कैंडिडेट नहीं है। वह कार्यकर्ताओं के साथ म्यूनिसिपल ऑफिस पहुंच गए। उन्होंने एग्जाम कंट्रोलर से मिलकर इस बात पर कड़ा विरोध दर्ज कराया। उन्होंने मांग की है कि ऐसी परीक्षाओं के विज्ञापन मराठी अखबारों में छापे जाएं, ताकि मराठी युवकों को इसकी जानकारी मिले। उन्होंने इन्कम टैक्स अफसरों से मुलाकात करके उन्हें इस आशय का ज्ञापन दिया। इन्कम टैक्स अफसरों ने उनकी मांग मान ली और परीक्षा कैंसल कर दी गई।

कुर्ला स्टेशन पर गांधीगिरी

posted Sep 25, 2012, 10:49 PM by Site Designer

रेल पटरी पार करने वालों को आमतौर पर रेल सुरक्षा पुलिस( आरपीएफ ) पकड़कर कोर्ट में हाजिर करती है , जहां कोर्टउन्हें दंडित करता है। कई बार ऐसे लोगों को जेल की हवा भीखानी पड़ती है , मगर मंगलवार कुर्ला में ऐसे लोगों को गुलाबका फूल देकर स्वागत किया गया। गुलाब का फूल लेते वक्त कईलोग बेहद ही शर्मिंदा हुए और फिर से पटरी नहीं करने कावादा किया। कुर्ला तेरापंथ युवक परिषद , अणुव्रत समिति औरआरपीएफ ने मिलकर प्लैटफॉर्म एक पर कार्यक्रम आयोजितकिया।

पिछले 10 साल में 36,152 लोगों की मौत रेल दुर्घटनाओं मेंहुई और 36,688 लोग घायल हुए। घायलों में कई ऐेसे लोग भी है जो जीवन भर के लिए अपंग हो गए।ज्यादातर दुर्घटनाएं रेल पटरी पार करते वक्त हुई है।

रेल पुलिस के रिकॉर्ड बताते हैं कि मरने वालों में 24,000 लोग ऐसे हैं , जो रेल पटरी पार कर रहे थे। कुर्ला मेंसबसे ज्यादा रेल दुर्घटनाएं होती है और मरने तथा घायल होने वालों की संख्या सबसे ज्यादा कुर्ला में ही है।इसलिए आयोजक इस बात पर विचार कर रहे हैं कि क्यों न ऐसे कार्यक्रम नियमित करें , ताकि हादसों की संख्याघटाई जा सके। रेल पटरी पार करने वालों को रमेश धोका , हस्ती सुतरिया , राजू अलबेला , ललित लोढा ,विजय हिंगड , देवीलाल डांगरा , सुभाष गुप्ता , महेंद्र मेहता व अन्य लोगों ने समझाने - बुझाने का काम किया।कार्यक्रम के आयोजन के लिए वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक एल . पी . सिंह ने लोगों का आभार प्रकट किया।





सीएम और डिप्टी सीएम ने दर्डा का समर्थन किया

posted Sep 7, 2012, 6:30 AM by Site Designer


मुंबई।। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण स्कूली शिक्षा मंत्री राजेंद्र दर्डा के पक्ष में खुलकर आ गए हैं। उन्होंने पत्रकारों के सामने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि दर्डा अगर किसी मामले में दोषी ठहराए जाते हैं, तभी उनका इस्तीफा लेने की बात उठती है। जब वे दोषी ठहराए जाएंगे, तब इस्तीफे के बारे में विचार करेंगे।

वहीं, उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने कहा है कि आरोप सिद्ध होने पर ही इस्तीफा लेने की बात उठती है। अकोला में उनसे भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरे मंत्रियों छगन भुजबल, सुनील तटकरे और दर्डा के इस्तीफे के बारे में पूछा गया था। अजित पवार ने कहा कि इन तीनों के खिलाफ आरोप सिद्ध होने के बाद ही कार्रवाई का सवाल उठता है।

फॉर ए चेंज, राज ने संयत भाषण दिया

posted Aug 22, 2012, 3:49 AM by Site Designer

मंगलवार को राज ठाकरे का मोर्चा मुंबई शहर के लिएजितना टेंशन का विषय था उतनी ही उत्सुकता का। आजादमैदान में इकठ्ठा हुई भीड़ के बर्ताव और राज के भाषण परनिर्भर था कि रिऐक्शन क्या होगा ? पर पुलिस के जरूरत सेज्यादा बंदोबस्त और राज के संयत भाषण ने टेंशन खत्म करदिया। सब को ताज्जुब इस बात का है कि उन्होंने न शिवसेना- बीजेपी पर हमला किया, न आर . आर . पाटील के अलावाकांग्रेस - एनसीपी पर वार किया। राज ने एसपी के नेता अबूआसिम आजमी , बीएसपी चीफ मायावती , आरपीआई नेतारामदास आठवले आदि को अपने भाषण में टारगेट बनाया।

जानकारों का कहना है कि राज आज फिर यही जताने आए थे कि मराठी माणुस की रक्षा के लिए सिर्फ वे हीतत्पर रहते हैं। आज उन्होंने पुलिस के समर्थन में ताकत दिखाकर एक तरह से पुलिस को अपना हमदर्द बनालिया है। 11 अगस्त की घटना को लेकर पुलिस में भारी असंतोष व्याप्त है। वह उबल रही है इसकी झलक पुलिसकॉन्स्टेबल प्रमोद तावडे़ के रूप में तत्काल दिख भी गई। राज ने बार - बार भीड़ से अपील की कि ' चाहे कुछ हो, पुलिस को हाथ नहीं लगाना। '

उन्होंने बांग्लादेशी मुसलमानों को टारगेट बनाया , पर उस तरह नहीं बरसे जिससे लगे कि वे हिंदुत्व के मुद्दे कोभुना रहे हैं। राज ने यहां तक कह दिया कि 11 अगस्त को महाराष्ट्र के मुस्लिम भाइयों ने हिंसा नहीं की , यहकाम बाहर से आए और बांग्लादेशियों का है। कुल मिलाकर 11 अगस्त को महाराष्ट्र पुलिस के साथ हुए अन्यायएवं मराठी के मुद्दे से राज ध्यान हटाना नहीं चाहते थे और यह भी मैसेज देना चाहते थे कि ताकत दिखाकर भीवे शांतिपूर्ण तरीके से प्रोटेस्ट कर सकते हैं। इसी मकसद से उन्होंने अपने परिचित तेवर दिखाने के बजाय संयतभाषा का इस्तेमाल किया।

छुड़ाए गए 25 बाल मजदूर

posted Aug 8, 2012, 11:48 PM by Site Designer

मुंबई॥ साउथ मुंबई के अलग-अलग इलाकों से बुधवार को समाज शाखा और मुंबई पुलिस ने छापा मार कर 25 बाल मजदूरों को छुड़ाया। गैरकानूनी तौर पर काम करने वाले इन बाल मजदूरों में 19 लड़कियां हैं। इस मामले में पुलिस ने 7 लोगों को हिरासत में लिया, जिनमें 3 महिलाएं और 4 पुरुष हैं। पकडे़ गए सभी आरोपियों के खिलाफ पीटा ऐक्ट, अनैतिक व्यापार प्रतिबंधक अधिनियम और बाल कामगार सह जे.जे. ऐक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया। सभी लड़कियों की मेडिकल जांच के बाद उन्हें महिला सुधार गृह में भेज दी गई है। साउथ रीजन के अपर पुलिस आयुक्त और जोन-2 के पुलिस उप आयुक्त के मार्गदर्शन में गिरगांव, पायधुनी और गांवदेवी पुलिस स्टेशन के कई वरिष्ठ अधिकारी और समाज शाखा के अधिकारी ने कार्रवाई की।

कहां से मिले बाल मजदूर
जोन-2 से मिली जानकारी के मुताबिक, वि.पो. मार्ग पुलिस स्टेशन के अंतर्गत गिरगांव के शंकर मारवाड़ी चॉल से 6 लड़कियां और दा.भ. मार्ग पुलिस स्टेशन के अंतर्गत पाववाला स्ट्रीट के दयानंद बिल्डिंग से 7 व ओम निवास बिल्डिंग से 6 लड़कियों को छुड़ाया गया। वहीं, वि.पी. मार्ग पुलिस स्टेशन के अंतर्गत सुलतान बिल्डिंग में टोपी बनाने की कारखाने में काम कर रहे अन्य 6 बाल मजदूरों को छुड़ाया गया।






अब कस्टम में 24 घंटे और सातों दिन काम

posted Aug 8, 2012, 3:49 AM by Site Designer

मुंबई।। इन्टरनैशनल ट्रेड को बढ़ाने के लिए सरकार ने कस्टम डिपार्टमेंट में 24 घंटे और सप्ताह के सभी दिनों में काम करने का निर्णय किया है। अर्थात अब कस्टम में माल के लादने, चढ़ाने-उतारने का काम हमेशा होता रहेगा। यह निर्णय 25 अगस्त से प्रभावी होगा।

अभी मुंबई कस्टम खासकर जेएनपीटी में माल कई दिनों तक आयात-निर्यात के लिए पड़ा रहता है क्योंकि अधिकारी और सुविधाएं कुछ तय घंटे ही उपलब्ध होती हैं। इससे इंटरनैशनल मार्के ट में इंडिया की ख्याति कम होती है और उसकी रेटिंग कम है। कस्टम क्लियरेंस समय पर न उपलब्ध होने के कारण कई बार निर्यातकों को पेनाल्टी तक देनी पड़ती है।

मॉनसून में यह स्थिति और ज्यादा खराब हो जाती है क्योंकि जेएनपीटी की ओर जाने वाली सड़कों की खराब हालत होने के कारण ट्रांसपोर्ट कई बार घंटों तक अटक जाता है। कस्टम सुविधाओं में कस्टम हाउस एजेंट, ड्रग कंट्रोलर, बैंक, ट्रांसपोर्टस, क्लियरेंस हाउस, डीजीएफटी, आदि शामिल हैं। इन सुविधाओं के उपलब्ध होने से आयात-निर्यात कार्गो तेजी से क्लियरेंस हो सकेगा।

13/7: एक साल बीता पर न बीता दर्द का साया

posted Jul 13, 2012, 8:43 PM by Site Designer   [ updated Jul 13, 2012, 8:47 PM ]

मुंबई।। पिछले साल मुंबई के जवेरी बाजार, ओपरा हाउस और दादर इलाके में हुए सीरियल बम धमाकों को शुक्रवार को पूरा एक साल हो गया। हालांकि पीडि़तों को आज भी वह दिन सदमा दे रहा है। इस हमले में 27 लोगों की जान गई थी जबकि 100 से ज्यादा लोग घायल हुए थे।

धमाके में पति को खो देने वाली 35 साल की रिंकू विश्वकर्मा बताती हैं कि बेटी आज भी चंदा की ओर इशारा करके पिता को वापस लाने की बात करती है। सरकारी मदद के बारे में वह कहती है कि सरकार ने 5 लाख रुपये की मदद का ऐलान तो किया था पर उस हासिल करने में बहुत मुश्किल आई। लोगों की मदद से किसी तरह मैं राहत राशि हासिल कर पाई। हालांकि यह दुख को कम तो नहीं कर सकता पर परिवार को संभालने में मदद जरूर करेगा। रिंकू के पति मानकेश्वर हमले के वक्त जवेरी बाजार की खाउ गली में थे जहां पर विस्फोटकों से लदे स्कूटर में धमाका हुआ था।

एक और पीडि़त धर्मेंद्र जगिया (40) तब ओपरा हाउस में थे। हमले में उनका पैर बुरी तरह घायल हुआ था। डॉक्टर चार सर्जरी कर चुके हैं और अभी दो और करनी हैं। वह कहते हैं अस्पताल से डिस्चार्ज हो चुका हूं इसलिए बाकी दो सर्जरी का खर्चा अपनी जेब से देना होगा। एक ऑपरेशन हड्डी का है तो दूसरा दाएं पैर की नस का। जगिया चलने-फिरने में असमर्थ हैं और बिस्तर पर रहने को मजबूर हैं। उन्हें सरकार से 2 लाख रुपये की मदद राशि मिली थी। वह रह-रहकर बस यही कहते हैं - काश, उस दिन मैं वहां नहीं गया होता।

शत्रुघ्न सिंहा की हालत स्थिर, अब भी अस्पताल में भर्ती

posted Jul 11, 2012, 5:29 AM by Site Designer


मुंबई।। ऐक्टर और पूर्व बीजेपी मंत्री शत्रुघ्न सिन्हा बुधवार नौंवें दिन भी अस्पताल में है जहां उनकी हालत स्थिर है। ऐक्टर से राजनेता बने 66 वर्षीय शत्रुघ्न सिन्हा को घर में 2जुलाई को पेंट कराए जाने के दौरान सांस लेने में दिक्कत के बाद यहां कोकिलाबेन अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

कोकिलाबेन अस्पताल के सीओओ डॉक्टर राम नारायण ने कहा, सिन्हा को सांस लेने मैं दिक्कत के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया। वह अब भी अस्पताल में हैं और उनकी हालत स्थिर है।

उन्होंने बताया कि सिन्हा को अगले कुछ दिनों तक अस्पताल में निगरानी में रखा जाएगा।

स्कूलों के मरम्मत में भी भ्रष्टाचार!

posted Jun 20, 2012, 8:46 PM by Site Designer

रिपोर्टर॥ मुंबई
बीएमसी स्कूल में बच्चों के लिए यूनीफॉर्म व अन्य सामानों की खरीदी में भ्रष्टाचार और एक ही परिवार के कईलोगों द्वारा ठेका हथियाने के आरोप के बाद अब बीएमसी स्कूलों के मरम्मत विवादों में है। बुधवार को स्थायीसमिति में सभागृह नेता यशोधर फणसे ने स्कूलों की मरम्मत घटिया दर्जे की होने का आरोप लगाया है। फणसे नेकहा कि ऐसे कई ठेकेदार हैं , जिन्होंने कई स्कूलों का ठेका एक साथ ले रखा है।

कई जगह मरम्मत के बाद भी स्कूल बदहाल हैं। वहीं , शिवसेना नगरसेविका कृष्णाविश्वास राव ने अपने इलाकेके एक स्कूल के शौचालय में दरवाजा तक नहीं होने का खुलासा किया। उन्होंने कहा कि हाजी इस्माईल स्कूल मेंप्लास्टर गिर रहा है लेकिन बच्चे इस खतरनाक स्थिति में बैठ कर पढ़ने को मजबूर हैं। कई इलाकों में तो मरम्मतकिए गए स्कूलों के दरवाजे , खिड़कियों और शौचालय बेहद दयनीय स्थिति में हैं। हालांकि , प्रशासन ने इस बारेमें लग रहे आरोपों के पर जवाब देते हुए कहा कि यदि इस तरह का कोई भ्रष्टाचार है तो उसे साबित किया जाए।

ठाणे स्टेशन के कायापलट की कवायद तेज

posted Jun 14, 2012, 8:23 PM by Site Designer

ठाणे॥ ठाणे और मुलुंड के बीच शीघ्र ही नए ठाणे स्टेशन का काम शुरू हो सकता है। रेलवे प्रशासन की तरफ से नए ठाणे स्टेशन की मंजूरी का प्रस्ताव ठाणे मनपा प्रशासन के पास भेजा गया है। मध्य रेल सूत्रों के मुताबिक यदि ठाणे मनपा की तरफ से नए स्टेशन को मंजूरी दे दी जाती है, तो जल्द ही प्रॉजेक्ट पर काम शुरू हो सकता है।

ठाणे की दिनों दिन बढ़ती आबादी को देखते हुए कई साल पहले ठाणे और मुलुंड के बीच ठाणे मनो रुग्णालय की जगह नया स्टेशन बनाने की मांग की गई थी। स्थानीय जनप्रतिनिधियों का कहना था कि नया स्टेशन बनने से ठाणे और मुलुंड स्टेशन की भीड़ घटेगी और यात्रियों की सहूलियत बढ़ेगी। मध्य रेलवे के पीआरओ ए. के. सिंह के मुताबिक ठाणे स्टेशन के बीचोबीच दस मीटर चौड़े फुट ओवर ब्रिज का कम शुरू है, जो दिसंबर, 2012 तक पूरा हो जाएगा। इससे स्टेशन परिसर में आने तथा बाहर निकलने वाले यात्रियों को राहत होगी और वे भीड़ भाड़ से बचेंगे।

ब्रिज के अलावा कल्याण की तरफ और सीएसटी की तरफ स्टेशन के दोनों छोर पर 6 फीट चौड़े फुट ओवर ब्रिज का काम शुरू है। ठाणे स्टेशन से गुजरने वाली लोकल ट्रेनों को नियमित करने के लिए कल्याण छोर पर स्थित यार्ड की री-मॉडलिंग की जा रही है। रूट रिले इंटरलॉकिंग केबिन का काम भी तेजी पर है, जो दिसंबर 2012 तक पूरा हो जाएगा। स्थानीय सांसद संजीव नाईक की तरफ से ठाणे स्टेशन का चेहरा मोहरा बदलकर अत्याधुनिक बनाने की कोशिश की जारी है। स्टेशन के प्लैटफॉर्म 5 और 6 को बड़ा किया जा रहा है।

1-10 of 313